फ्रिज (Refrigerator) का इतिहास जरूर पढ़ें , आप हैरान रह जाएंगे । ज्ञानवर्धक लेख ।

दोस्तो आपके घर में फ़्रिज होगा ।लेकिन क्या आप फ़्रिज का इतिहास जानते है? ? कि कैसे ये युरोप के देशो से भारत में आया और क्यों आया ? ? ? ? दरअसल कुछ वर्ष पहले KELVINATOR नाम की फ़्रिज बनाने वाली कंपनी भारत में आई ।

क्यों आई ? ?

क्या उसके मन में दया आ गई कि भारत के लोगो को ठंडा पानी पिलाना है ?

नहीं कारण कुछ और था । वो कारण ये था कि KELVINATOR की marketing खत्म हो गयी पुरे युरोप और अमेरिका में |

क्यों खत्म हो गई ? ? ?

क्यों कि अमेरिका और युरोप के देशो में एक समस्या शुरु हो गई (कलोरो फ़लोरो कार्बन के एमिशन की ) (C.F.C) |

ये समस्या रेफ़ारिजरेटर के कारण हुई । क्योंके कि इससे C.F.C बहुत निकलता है । C.F.C से होता क्या है कि हमारे वातावरण एक़ अजोन परत होती है जो हमको सूर्य से निकलने वाली अॅल्ट्रा वालेट रेन से बचाती है ।ये अगर आपकी चमड़ी पर सीधी पर जाये तो आपकी चमड़ी जल जायेगी ।

तो हुआ ये कि कि रेफ़्रिजरेटर की जितनी तकनीकी दुनिया में विकसित हुई । उस से c.f.c की समस्या बढ़ गई और इतनी बढ़ गई कि युरोप के कुछ देश के आसमान में अजोन खत्म होने से एक बहुत भारी होल हो गया । जिससे वहां गर्मी बढ़ने लगी और गलेशियर पिघलने लगे । नदियओ में पानी ज्यादा होने लगा और वहां बाढ़ आ गई ।

1996 में अमेरिका के लासएंजलेस में बाढ़ आई । इतना बढ़ा अमेरिका का मैनेमेंट सिस्टम था लेकिन कुछ नहीं कर पाया । बाद पता लगा कि बाढ़ क्यों आई कि अमेरिका में गर्मी बढ़ गई और गलेशियर पिघले और नदियों पानी ज्यादा हुआ और बाढ़ आई ।

कारण पाता कि C.F.C एमिइशन बढ़ने से वातावरण में गर्मी बढ़ी । तो इन सारे देशो में एक भयंकर किस्म की घबराह्ट होने लगी । तो इन 12 ,13 देशो में नय एक समझोता किया कि धीरे धीरे इस c.f.c एमिइशन को technology ख्त्म कर देगें 2000 तक आते आते पुरा खत्म कर देगें । तो किसी ने सवाल किया कि c.f.c बनाने वाली टैकनोलोजी का क्या होगा । तो किसी ने कहा कि भारत में लाकर डंप कर देगें ।

फ़िर इसको लेकर वो भारत में घुस आये । अब डंप करने वाली वस्तु बिकेगी कैसे ? ? ?

तो इसके लिये उनहोने हैवी विज्ञापन किये कि आपका घर कुछ भी नहीं है अगर आपके घर में फ़्रिज नहीं है । आपका घर रद्दी है अगर आपके घर मे फ़्रिज नहीं है ।

अब रोज-रोज टी वी पर आप यही बात सुनेगे तो एक दिन उठा कर घर ले ही आयेगें । हिंदुस्तान के कुछ मूर्ख लोगो ने एक मिनट नहीं सोचा कि इस फ़्रिज की हमको क्या जरुर है ? जिस भारत में सुबह से शाम तक ताजी सब्जी मिलती हो ताजा पकाओ ,ताजा खाओ जैसे परंपरा हो , पानी ठंडा करने लिए मिट्टी के घड़े से बढ़िया ? क्या होगा ? करोड़ो वर्षो से ये देश मिट्टी के घड़े में पानी पीता आया है , लेकिन ये सब भूल कर हम फ्रिज ले आये है तो किया किया पहले रोज अच्छी भली ताजी सब्ज़ी खाते थे । अब सब्ज़िया ला ला कर उसको फ़्रिज में भर देते है ।

युरोप के देश सुखे है और वहां कुछ परंपरा भी ऐसी है कि रोज खाना नहीं बनाते । और सब्ज़िया भी रोज वहां मिलती नहीं है जो जाती है वो भारत से जाती है तो हफ़ते में एक दिन सब्ज़िया ख़रीद लाते उनको फ़्रिज में भर देते है वो पुरा हफ़ता खाते है ।

लेकिन हमारे भारत में तो हर दिन ताजी सब्ज़ी मिलती हैं और सुबह को अलग मिलती है दोपहर, शाम को अलग मिलती है । और भारत में हमारी मां हमे रोज गर्म गर्म रोटी बना कर देती है युरोप में किसी की मां नहीं देती ।

तो उनको जरुरत थी तो उनहोने अपने लिये फ़्रिज बनाया और और हम बिना वजह उठा इसे घर ले आये । अब एक और मूर्खता करते है पलास्टिक की बोतल मे फ़्रिज में ठंडा पानी रख देगें ।

आप जानते है पुरी दुनिया में पलास्टिक सबसे घटिया वस्तु है कुछ खाने और पीने के लिये! जपान और कई अन्य देशो खाने पीने की चीज़े पलस्टिक पैकिंग़ मे बेचने पर बैन लगा दिया है । । युरोप के देशो के लोगो को एक आदत है कोई भी चीज़ पीयें तो आधे से ज्यादा उनमे बर्फ़ डालेगें और एक दम ठंडी करके पीयेंगे ।

नतीजा ये है अमेरिका मे हर दुसरा आदमी कबजियत का शिकर हैं । पिछले एक सर्वे के अनुसार 90% अमेरिका के लोगो को कबजियत की परेशानी है घंटो घंटो टायलेट मे बैठे रहते हैं लेकिन टायलेट नहीं आती । वहां डाकटरो का कहना है कि उनके देश में कबजियत का सबसे बढ़ा कारण लोगो का ठंडा पानी पीना हैं अगर इससे बचन है तो ताजा पानी पियो ।

हमारे भारत में हजारो साल से शास्त्र यही सिखाते है कि ताजा पानी पियो ।

तो मित्रो विदेशियों द्वारा बहुत बार अपना माल बिकवाने के लिए पहले उस चीज को आपकी जरूरत बनाया जाता है !
और फिर आपके देश मे डंप किया जाता है !

और विस्तार से जानने के लिए एक बार यहाँ जरूर click करें !

भाई राजीव दीक्षित को शत शत नमन । 

comments

Check Also

जरूर पढ़े ! आखिर राजीव गाँधी ने अमेरिका जाकर ऐसा क्या किया की पुरे भारत की नाक कट गई : Rajiv Dixit

राजीव गांधी जब प्रधानमंत्री थे तो एक बार रोते-रोते अमेरिका पहुँच गये !मित्रो एक तो …

सोशल मीडिया पर राजीव भाई से जुड़ें ।

Facebook489k
Facebook
YouTube266k
Google+0